बिहार की राजधानी पटना के हाई सिक्योरिटी जोन में उस समय हड़कंप मच गया, जब पूर्व उपमुख्यमंत्री और राजद नेता तेजस्वी यादव के आधिकारिक आवास के बाहर गोलीबारी की घटना हुई। तेजस्वी ने इस घटना की जानकारी सोशल मीडिया के जरिए दी और NDA सरकार पर तीखा हमला बोला, इसे “राक्षस राज” करार दिया। यह घटना राजभवन, मुख्यमंत्री आवास, नेता प्रतिपक्ष आवास, न्यायाधीश आवास, और एयरपोर्ट के नजदीक हुई, जो पटना का सबसे सुरक्षित क्षेत्र माना जाता है।

पटना में गोलीबारी: हाई सिक्योरिटी जोन में हड़कंप
19 जून 2025 को पटना के हाई सिक्योरिटी जोन में तेजस्वी यादव के आधिकारिक आवास के बाहर गोलीबारी की घटना ने बिहार की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। यह इलाका राजभवन, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आवास, और एयरपोर्ट जैसे संवेदनशील स्थानों के करीब है, जहाँ सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहते हैं। तेजस्वी ने इस घटना को NDA सरकार की नाकामी का सबूत बताया और अपराधियों के बढ़े मनोबल की ओर इशारा किया।
तेजस्वी यादव का बयान: NDA पर हमला
तेजस्वी यादव ने X पर पोस्ट करते हुए कहा, “आज मेरे आधिकारिक आवास के बाहर गोली चलाई/चलवाई गयी है। NDA के राक्षस राज में सत्ता संरक्षित अपराधियों का मनोबल इतना बढ़ा हुआ है कि अपराधी हाई सिक्योरिटी जोन में कुछ ही दूरी पर जहाँ राज्यपाल आवास राजभवन, मुख्यमंत्री आवास, नेता प्रतिपक्ष आवास, न्यायाधीश आवास और एयरपोर्ट है वहाँ ख़ूंख़ार अपराधी खुलेआम फायरिंग करते घूम रहे हैं।” उन्होंने चेतावनी दी, “ख़बरदार! कोई इसे जंगलराज कहेगा तो?” तेजस्वी ने यह भी तंज कसा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 20 जून को बिहार दौरे से पहले “गोदी मीडिया” सकारात्मक छवि बनाए रखने की कोशिश करेगा।
घटना का विवरण: क्या हुआ?
19 जून 2025 को दिन में तेजस्वी यादव के आवास के बाहर गोलीबारी की घटना हुई। अभी तक यह स्पष्ट नहीं है कि गोलीबारी किसने और क्यों की, या इसका निशाना कौन था। कुछ X पोस्ट्स के अनुसार, यह हाई सिक्योरिटी जोन में सुरक्षा व्यवस्था की गंभीर चूक को दर्शाता है। पुलिस ने घटनास्थल पर जाँच शुरू कर दी है, लेकिन प्रारंभिक जानकारी में कोई ठोस सुराग नहीं मिला है। यह घटना उसी दिन हुई, जब एक अन्य फायरिंग की खबर एयरपोर्ट थाना क्षेत्र के पोलो रोड से आई, जहाँ एक युवक पर गोली चलाई गई, लेकिन वह बच गया।
यह भी पढ़ें
- कल का मौसम: पहाड़ों में बर्फबारी, मैदानी इलाकों में शीतलहर और घना कोहरा, उत्तर भारत में सर्दी का प्रकोप बढ़ेगा

- थल सेना दिवस पर तनिष्क बक्सर में पूर्व सैनिकों का भव्य सम्मान, देशभक्ति से रंगा ज्योति प्रकाश चौक

- 20वीं अंतर्राज्यीय फैज मेमोरियल क्रिकेट: फैज एकादश बक्सर ने टाइब्रेकर में नहीं, 13.4 ओवर में 4 विकेट से जीता सेमीफाइनल

हाई सिक्योरिटी जोन की सुरक्षा पर सवाल
पटना का यह क्षेत्र हाई सिक्योरिटी जोन के रूप में जाना जाता है, जहाँ राजभवन, मुख्यमंत्री आवास, और अन्य महत्वपूर्ण इमारतें हैं। यहाँ सख्त पुलिस निगरानी और प्रतिबंधित गतिविधियाँ होती हैं। फिर भी, अपराधियों का इतने संवेदनशील क्षेत्र में खुलेआम फायरिंग करना बिहार पुलिस और NDA सरकार की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाता है। तेजस्वी ने इसे “सत्ता संरक्षित अपराध” का उदाहरण बताया, जिससे विपक्षी दलों को सरकार पर हमला करने का मौका मिला है।
पुलिस और प्रशासन की प्रतिक्रिया
पटना पुलिस ने गोलीबारी की सूचना मिलते ही घटनास्थल पर जाँच शुरू कर दी। एयरपोर्ट थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुँचे। अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं हुआ है, लेकिन सूत्रों के अनुसार, पुलिस CCTV फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों की जाँच कर रही है। यह भी संभावना जताई जा रही है कि यह घटना व्यक्तिगत विवाद या राजनीतिक रंजिश से जुड़ी हो सकती है, लेकिन बिना ठोस सबूत के यह अनुमान मात्र है।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएँ: जंगलराज vs राक्षस राज
तेजस्वी यादव के “राक्षस राज” वाले बयान ने बिहार की राजनीति में हलचल मचा दी है। राजद समर्थकों ने इसे NDA की नाकामी बताया, जबकि BJP-JD(U) गठबंधन ने इसे विपक्ष की “नकारात्मक राजनीति” करार दिया। तेजस्वी ने “जंगलराज” शब्द का इस्तेमाल करने वालों को चेतावनी दी, जो पहले राजद शासन पर लगने वाला आरोप था। इस घटना ने प्रधानमंत्री मोदी के 20 जून के बिहार दौरे से पहले सरकार को असहज स्थिति में डाल दिया है, क्योंकि विपक्ष इसे कानून-व्यवस्था के मुद्दे के रूप में भुनाने की कोशिश करेगा।
पटना हाई सिक्योरिटी जोन में तेजस्वी यादव के आवास के बाहर गोलीबारी की घटना ने बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति को फिर से चर्चा में ला दिया है। यह घटना न केवल सुरक्षा व्यवस्था की खामियों को उजागर करती है, बल्कि NDA सरकार और विपक्ष के बीच राजनीतिक तनाव को भी बढ़ाती है। पुलिस जाँच से यह स्पष्ट हो सकता है कि गोलीबारी के पीछे का मकसद क्या था, लेकिन तब तक यह मामला बिहार की सियासत में गरमाता रहेगा। लोगों की निगाहें अब प्रशासन की कार्रवाई और सरकार के जवाब पर टिकी हैं।
Discover more from Jansanchar Bharat
Subscribe to get the latest posts sent to your email.









