बक्सर जेल में अग्नि सुरक्षा और भूकंप बचाव की मॉक ड्रिल, कैदियों व कर्मियों को मिला व्यावहारिक प्रशिक्षण

Join Now
Subscribe

बक्सर। महिला मंडलकारा बक्सर परिसर में मंगलवार को अग्नि सुरक्षा एवं भूकंप से बचाव को लेकर एक महत्वपूर्ण मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। जिला समादेष्टा सह जिला अग्निशमन पदाधिकारी, बक्सर के दिशा-निर्देश पर यह अभ्यास आयोजित हुआ, जिसका मुख्य उद्देश्य जेल परिसर में मौजूद कर्मियों और बंदियों को आपात स्थिति में सतर्क, प्रशिक्षित और सजग बनाना था। ताकि किसी भी आपदा की स्थिति में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई की जा सके।

Advertisements

मॉक ड्रिल में अनुमंडल अग्निशमालय पदाधिकारी सुनंदा कुमारी के नेतृत्व में प्रधान अग्निक भानु प्रताप सहित अग्निशमन विभाग की पूरी टीम मौजूद रही। टीम ने पहले जेल कर्मियों और बंदियों को आग लगने की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया के तरीके बताए। सुरक्षित निकासी के मार्ग, आपातकालीन निकास द्वारों की पहचान और प्राथमिक अग्निशमन तकनीकों पर विस्तार से जानकारी दी गई। अग्निशमन कर्मियों ने आग बुझाने वाले यंत्रों (फायर एक्सटिंग्विशर) का सही उपयोग करके व्यावहारिक प्रदर्शन किया। उन्होंने बताया कि आग लगने पर घबराहट से बचना, सांस रोककर नीचे रहना और सुरक्षित रास्ते से बाहर निकलना कितना जरूरी है।

Join Now
Advertisements

भूकंप के दौरान अपनाई जाने वाली सावधानियों पर भी विशेष जोर दिया गया। कर्मियों और बंदियों को बताया गया कि भूकंप आने पर टेबल के नीचे छिपना, सिर और गर्दन को हाथों से ढकना, भारी सामान से दूर रहना और लिफ्ट का उपयोग न करना चाहिए। सुरक्षित स्थानों की पहचान करने और आपातकालीन स्थिति में शांत रहकर निर्देशों का पालन करने पर जोर दिया गया।

Advertisements

कार्यक्रम के दौरान अग्निशमन टीम ने जेल परिसर के विभिन्न हिस्सों में संभावित खतरे के बिंदुओं की जांच भी की और कर्मियों को आपदा प्रबंधन के बेसिक नियम समझाए। अग्निशमन कर्मियों ने कहा कि आपदा की स्थिति में सूझबूझ, संयम और तत्परता ही जान-माल की सुरक्षा की कुंजी है। घबराहट से बचकर सही निर्णय लेना जरूरी है।

Advertisements

मॉक ड्रिल के अंत में सभी उपस्थित कर्मियों और बंदियों को आपातकालीन परिस्थितियों में संयम बनाए रखने तथा बताए गए दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई। इस अभ्यास से जेल परिसर में सुरक्षा को लेकर जागरूकता और तत्परता दोनों में वृद्धि हुई है। जेल प्रशासन ने अग्निशमन विभाग का धन्यवाद जताया और कहा कि ऐसे नियमित अभ्यास से आपदा प्रबंधन की क्षमता मजबूत होती है।

Follow Us
Advertisements

जिला अग्निशमन विभाग ने बताया कि जिले में विभिन्न सरकारी और निजी संस्थानों में ऐसी मॉक ड्रिल नियमित रूप से कराई जा रही हैं, ताकि आपदा की स्थिति में जान-माल का नुकसान न्यूनतम हो।

Advertisements
Advertisements

Discover more from Jansanchar Bharat

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

You cannot copy content of this page

Discover more from Jansanchar Bharat

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading