बिहार के बक्सर जिले में 30 मई 2025 को एक दुखद सड़क दुर्घटना (Buxar Road Accident) ने स्थानीय समुदाय को झकझोर कर रख दिया। नगर थाना क्षेत्र के ज्योतिचौक पर हुई इस घटना में 83 वर्षीय शिवचन सिंह की मौत हो गई, जो कब्रिस्तान रोड के निवासी थे। हादसे के बाद गुस्साए स्थानीय लोगों ने सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया, जिसने क्षेत्र में यातायात व्यवस्था को प्रभावित किया।

Buxar Road Accident: 30 मई 2025 की सुबह ज्योतिचौक पर एक तेज रफ्तार वाहन ने शिवचन सिंह को टक्कर मार दी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शिवचन सिंह अपने दैनिक कार्यों के लिए जा रहे थे, जब यह हादसा हुआ। वाहन चालक दुर्घटना के बाद रुकने के बजाय मौके से फरार हो गया, जिसने स्थिति को और तनावपूर्ण बना दिया। हादसा ज्योतिचौक जैसे व्यस्त चौराहे पर हुआ, जो नगर थाना क्षेत्र का एक प्रमुख यातायात बिंदु है।
शिवचन सिंह की मौत ने कब्रिस्तान रोड के निवासियों को गहरा आघात पहुंचाया। 83 वर्ष की आयु में भी वे सक्रिय जीवन जी रहे थे और स्थानीय समुदाय में सम्मानित थे। उनके परिवार और पड़ोसियों ने इस हादसे को एक बड़ी क्षति बताया। एक स्थानीय निवासी ने कहा, “शिवचन जी हमारे मोहल्ले के बुजुर्ग थे। उनकी इस तरह अचानक चले जाना हम सबके लिए बड़ा नुकसान है।”
समुदाय की प्रतिक्रिया
हादसे (Buxar Road Accident) की खबर फैलते ही स्थानीय लोग ज्योतिचौक पर एकत्र हो गए और सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। आक्रोशित भीड़ ने प्रशासन से त्वरित कार्रवाई और जिम्मेदार वाहन चालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि ज्योतिचौक पर स्पीड ब्रेकर, ट्रैफिक सिग्नल, और पैदल यात्री क्रॉसिंग की कमी अक्सर हादसों का कारण बनती है। उन्होंने मांग की कि प्रशासन सड़क सुरक्षा उपायों को बेहतर करे, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।
सड़क जाम के कारण ज्योतिचौक और आसपास के क्षेत्रों में यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ, जिससे यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। प्रदर्शनकारियों ने यह भी बताया कि बक्सर में सड़क हादसों की संख्या बढ़ रही है, और प्रशासन को सख्त कदम उठाने चाहिए।
यह भी पढ़ें
पुलिस की कार्रवाई
नगर थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की। पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि हादसे की जांच की जा रही है और फरार चालक को जल्द पकड़ा जाएगा। शिवचन सिंह के शव को पोस्टमार्टम के लिए बक्सर सदर अस्पताल भेजा गया, और पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। नगर थाना प्रभारी ने कहा कि दोषी चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, और मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।
पुलिस ने यह भी जांच शुरू की कि क्या वाहन चालक नशे में था या वाहन में कोई तकनीकी खराबी थी। स्थानीय लोगों से गवाही मांगी गई, जो घटना के समय मौके पर थे, ताकि चालक की पहचान हो सके। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई ने कुछ हद तक समुदाय के आक्रोश को शांत किया, लेकिन लोग अभी भी सड़क सुरक्षा उपायों की मांग कर रहे हैं।

सड़क सुरक्षा की बढ़ती चिंता
यह हादसा बक्सर में सड़क सुरक्षा की गंभीर समस्या को उजागर करता है। ज्योतिचौक जैसे व्यस्त चौराहों पर यातायात प्रबंधन की कमी अक्सर हादसों (Buxar Road Accident) का कारण बनती है। हाल के महीनों में बक्सर में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में वृद्धि देखी गई है, जिसमें कई लोगों की जान गई है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि प्रशासन ज्योतिचौक और कब्रिस्तान रोड पर स्पीड ब्रेकर, ट्रैफिक सिग्नल, और पैदल यात्री क्रॉसिंग जैसे उपाय करे।
लोगों ने यह भी सुझाव दिया कि वाहन चालकों के लिए नियमित जागरूकता अभियान चलाए जाएं, ताकि वे यातायात नियमों का पालन करें और सड़क पर दूसरों की सुरक्षा का ध्यान रखें। यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा को प्राथमिकता देने की जरूरत को रेखांकित करता है।
शिवचन सिंह की दुखद मौत ने बक्सर के समुदाय को गहरा आघात पहुंचाया है। बक्सर सड़क दुर्घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा की कमी को उजागर किया है। स्थानीय लोगों का सड़क जाम और पुलिस की त्वरित कार्रवाई इस बात का संकेत है कि जनता अब ऐसी घटनाओं को बर्दाश्त नहीं करेगी। प्रशासन को चाहिए कि वह त्वरित कार्रवाई करे, दोषी को सजा दे, और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए। बक्सरवासियों से अपील है कि वे यातायात नियमों का पालन करें और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक रहें।
Discover more from Jansanchar Bharat
Subscribe to get the latest posts sent to your email.










